वनों और वन्यजीवों की रक्षा में आदिवासियों की बड़ी भूमिका, उन्हें समाज सम्मान दें- शिवराज सिंह चौहान
भोपाल ; केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण और ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान रविवार को रायसेन जिले के ग्राम नीलगढ़ पहुंचे, यहां पारंपरिक सहरा लंहगी डंडा प्रतियोगिता में शामिल हुए और विस्थापन की प्रक्रिया से गुजर रहे आदिवासी परिवारों के त्याग और भावनाओं को करीब से महसूस किया और ग्रामीणों से मुलाकात की। शिवराज सिंह ने कहा कि नीलगढ़ और धुंधवानी के भाई-बहनों ने वनों और वन्य प्राणियों के संरक्षण के लिए अपना घर-गांव छोड़ने का निर्णय लिया है। यह सामान्य त्याग नहीं, बल्कि प्रकृति और वन्यजीवों के प्रति उनके समर्पण का उदाहरण है। मैं उनके इस महान त्याग को दोनों हाथ जोड़कर प्रणाम करता हूं। वहीं, शिवराज सिंह ने यहां आयोजित कार्यक्रम में ग्रामीणों के साथ जनजातीय संस्कृति और लोक परंपराओं के रंग में रंगकर पारंपरिक लोकनृत्य भी किया। शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि घर की दीवारें, खेत, चौपाल, चूल्हा, रास्ते और गांव की गलियां केवल ईंट-पत्थर नहीं होते, बल्कि उनसे लोगों की यादें, परंपराएं और जीवन जुड़ा होता है। इसी धरती पर उनका जन्म हुआ, बचपन बीता और जीवन की अनेक यादें बनीं। ऐसे में अपने प...